किताब के बारे में: ढहती हुई दीवार आचार्य चतुरसेन शास्त्री द्वारा रचित एक सामाजिक.ऐतिहासिक उपन्यास है जो मुस्लिम शासनकाल के पतनशील दौर और भारतीय समाज की टूटती हुई संरचनाओं को चित्रित करता है यह कृति सामाजिक सांस्कृतिक और धार्मिक मूल्यों की गिरावट को उजागर करती है साथ ही भारतीय आत्मा की आंतरिक शक्ति और पुनर्जागरण की चेतना को भी प्रस्तुत करती है उपन्यास में ऐतिहासिक घटनाओं की पृष्ठभूमि पर व्यक्तिगत संघर्ष धर्म.संघर्ष नैतिकता और विचारधाराओं की टकराहट को गहराई से दर्शाया गया है यह केवल अतीत का चित्रण नहीं बल्कि वर्तमान को समझने का एक दार्शनिक और चेतनापूर्ण प्रयास भी है
Author: आचार्य चतुरसेन (Shastri Chatursen)
Pages: 144
Edition: 1907
Legal Disclaimer: Product images are for illustrative purposes only. Images/packaging/ labels may vary from time to time due to changes made by the manufacturer's manufacturing batch and location.
More From Brand
See All