किताब के बारे में: कुसुम संग्रह भारतेन्दु हरिश्चंद्र द्वारा रचित एक महत्वपूर्ण काव्य संग्रह है, जिसमें सामाजिक, धार्मिक और राष्ट्रीय भावनाओं से ओतप्रोत कविताएँ संकलित हैं। इस संग्रह की रचनाएँ सरल, प्रभावशाली और भावपूर्ण भाषा में हैं, जो तत्कालीन समाज की समस्याओं, आस्थाओं और जागृति को अभिव्यक्त करती हैं। कुसुम संग्रह हिंदी काव्य में भारतेन्दु युग की चेतना और नवजागरण का सुंदर प्रतीक है। यह कृति हिंदी साहित्य के विकास में एक ऐतिहासिक योगदान के रूप में मानी जाती है।
Author: भारतेन्दु हरिश्चन्द्र (Bhartendu Harishchandra)
Pages: 228
Edition: 1911
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